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एक्जिमा (Eczema) क्या है?

एक्जिमा (Eczema) क्या है?

एक्जिमा (Eczema) क्या है?

एक्जिमा एक आम लेकिन परेशान करने वाली त्वचा की बीमारी है जिसमें त्वचा लाल, खुरदरी, खुजलीदार और सूजन वाली हो जाती है। यह कोई संक्रामक बीमारी नहीं है, यानी यह एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में नहीं फैलती।

एक्जिमा को Atopic Dermatitis भी कहा जाता है। यह अक्सर बचपन में शुरू होती है लेकिन किसी भी उम्र में हो सकती है। कुछ लोगों में यह समय के साथ ठीक हो जाती है, जबकि कुछ में यह बार-बार लौटती रहती है।

इस ब्लॉग में हम विस्तार से जानेंगे कि एक्जिमा क्यों होता है, इसके लक्षण क्या हैं, इसके कितने प्रकार हैं और इसका इलाज कैसे किया जाता है।

एक्जिमा के कारण

1. आनुवंशिक कारण (Genetics)

अगर परिवार में किसी को एक्जिमा, अस्थमा या एलर्जी है, तो बच्चे में एक्जिमा होने की संभावना अधिक होती है। यह बीमारी जीन्स के जरिए एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी में जा सकती है।

2. इम्यून सिस्टम का अत्यधिक सक्रिय होना

एक्जिमा में इम्यून सिस्टम छोटी-छोटी चीजों पर भी तीव्र प्रतिक्रिया देता है, जिससे त्वचा में सूजन और खुजली होती है।

3. त्वचा की सुरक्षात्मक परत कमजोर होना

एक्जिमा के मरीजों की त्वचा की बाहरी सुरक्षा परत (Skin Barrier) कमजोर होती है। इससे त्वचा जल्दी रूखी होती है और बाहरी तत्व आसानी से अंदर घुस जाते हैं।

4. एलर्जी ट्रिगर्स

धूल, पराग, पालतू जानवरों के बाल, कुछ खाद्य पदार्थ (दूध, अंडे, मूंगफली) एक्जिमा को भड़का सकते हैं।

5. केमिकल और साबुन

कठोर साबुन, डिटर्जेंट, परफ्यूम या कुछ कॉस्मेटिक उत्पाद त्वचा को नुकसान पहुंचाकर एक्जिमा को बढ़ा सकते हैं।

6. तनाव

मानसिक तनाव इम्यून सिस्टम को प्रभावित करता है और एक्जिमा के दौरे को बढ़ा सकता है।

7. मौसम में बदलाव

बहुत ठंड, बहुत गर्मी, या कम नमी वाले वातावरण में एक्जिमा के लक्षण बिगड़ सकते हैं।

एक्जिमा के प्रकार

1. एटोपिक डर्मेटाइटिस (Atopic Dermatitis)

यह सबसे आम प्रकार है। अक्सर बचपन में शुरू होता है और अस्थमा व एलर्जी के साथ जुड़ा होता है।

2. कॉन्टैक्ट डर्मेटाइटिस (Contact Dermatitis)

किसी विशेष चीज के संपर्क में आने से होता है, जैसे धातु, केमिकल, लेटेक्स आदि।

3. डिशिड्रोटिक एक्जिमा (Dyshidrotic Eczema)

हाथ और पैरों की उंगलियों पर छोटे-छोटे फफोले बनते हैं जिनमें तेज खुजली होती है।

4. न्यूम्युलर एक्जिमा (Nummular Eczema)

त्वचा पर गोल-गोल सिक्के जैसे चकत्ते बनते हैं जिनमें खुजली और जलन होती है।

5. सेबोरहेइक डर्मेटाइटिस (Seborrheic Dermatitis)

मुख्य रूप से सिर की त्वचा, चेहरे और छाती पर होता है। इसमें तैलीय और परतदार त्वचा बनती है।

एक्जिमा के लक्षण

1. तेज खुजली

एक्जिमा का सबसे प्रमुख लक्षण तेज खुजली है। यह रात को अधिक बढ़ती है और खुजाने से और बिगड़ जाती है।

2. लाल या भूरे चकत्ते

त्वचा पर लाल, भूरे या सलेटी रंग के चकत्ते बनते हैं। ये हाथ, कोहनी, घुटने, चेहरे और गर्दन पर अधिक होते हैं।

3. रूखी और पपड़ीदार त्वचा

त्वचा बहुत रूखी और पपड़ीदार हो जाती है। खुजाने पर परतें उखड़ने लगती हैं।

4. फफोले और रिसाव

गंभीर एक्जिमा में त्वचा पर फफोले बन सकते हैं जिनसे पानी जैसा तरल निकलता है।

5. त्वचा का मोटा होना

बार-बार खुजाने से त्वचा मोटी और सख्त हो जाती है, इसे Lichenification कहते हैं।

6. जलन और दर्द

प्रभावित हिस्से में जलन और दर्द भी महसूस हो सकता है, खासकर जब फफोले फूट जाते हैं।

एक्जिमा का निदान (Diagnosis)

एक्जिमा का निदान मुख्यतः त्वचा की जांच से होता है:

  • त्वचा की जांच (Skin Examination) — डॉक्टर प्रभावित त्वचा को देखकर निदान करते हैं
  • पैच टेस्ट (Patch Test) — Contact Dermatitis में एलर्जन पहचानने के लिए
  • ब्लड टेस्ट — IgE लेवल और एलर्जी जांचने के लिए
  • स्किन बायोप्सी — दुर्लभ मामलों में अन्य त्वचा रोगों से अंतर करने के लिए

एक्जिमा का इलाज

1. मॉइश्चराइजर (Moisturizer)

एक्जिमा के इलाज में नियमित मॉइश्चराइजर लगाना सबसे जरूरी कदम है। यह त्वचा की सुरक्षा परत को बनाए रखता है और रूखेपन को कम करता है।

नियमित मॉइश्चराइजर लगाना

नियमित मॉइश्चराइजर लगाना

2. स्टेरॉइड क्रीम

डॉक्टर सूजन और खुजली कम करने के लिए कॉर्टिकोस्टेरॉइड क्रीम या ऑइंटमेंट देते हैं। इन्हें डॉक्टर की सलाह के अनुसार ही इस्तेमाल करना चाहिए।

3. एंटी-हिस्टामिन दवाइयां

खुजली और एलर्जी कम करने के लिए Antihistamine दवाइयां दी जाती हैं, खासकर रात को सोने से पहले।

4. इम्युनोमॉड्युलेटर

गंभीर मामलों में Tacrolimus या Pimecrolimus जैसी क्रीम दी जाती हैं जो इम्यून प्रतिक्रिया को नियंत्रित करती हैं।

5. फोटोथेरेपी (Light Therapy)

कुछ मामलों में UV लाइट थेरेपी त्वचा की सूजन कम करने में मदद करती है।

6. ट्रिगर्स से बचाव

एलर्जी पैदा करने वाली चीजों जैसे धूल, साबुन, कुछ खाद्य पदार्थ आदि से बचना जरूरी है।

एक्जिमा में क्या करें और क्या न करें?

करें

  • नहाने के बाद तुरंत मॉइश्चराइजर लगाएं
  • गुनगुने पानी से नहाएं, गर्म पानी से नहीं
  • सूती और ढीले कपड़े पहनें
  • नाखून छोटे रखें ताकि खुजाने से त्वचा न कटे

न करें

  • कठोर साबुन या डिटर्जेंट का उपयोग न करें
  • खुजली न करें, इससे संक्रमण हो सकता है
  • ऊनी या सिंथेटिक कपड़े त्वचा से सीधे न लगाएं
  • बिना डॉक्टर की सलाह के स्टेरॉइड क्रीम लंबे समय तक न लगाएं

कब डॉक्टर से मिलना चाहिए?

  • खुजली इतनी तेज हो कि नींद न आए
  • त्वचा पर संक्रमण के संकेत हों (पस, बुखार)
  • एक्जिमा बड़े हिस्से में फैल गया हो
  • घरेलू उपचार से कोई फायदा न हो
  • बच्चे में एक्जिमा के लक्षण हों

Prakash Hospital में एक्जिमा का आधुनिक इलाज

एक्जिमा एक दीर्घकालिक बीमारी है जिसे सही देखभाल और इलाज से नियंत्रित किया जा सकता है।

Prakash Hospital में अनुभवी डर्मेटोलॉजिस्ट, पैच टेस्ट, फोटोथेरेपी और पर्सनलाइज्ड स्किन केयर प्लान उपलब्ध हैं। यहां हर मरीज की त्वचा के प्रकार और ट्रिगर के अनुसार उपचार योजना तैयार की जाती है ताकि लंबे समय तक राहत मिल सके।

अगर आप या आपका बच्चा एक्जिमा की समस्या से परेशान हैं, तो देर न करें और आज ही जांच कराएं।

FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)

1. क्या एक्जिमा पूरी तरह ठीक हो सकता है?

एक्जिमा को पूरी तरह ठीक करना हमेशा संभव नहीं होता, लेकिन सही इलाज और देखभाल से इसे नियंत्रित किया जा सकता है।

2. क्या एक्जिमा छूने से फैलता है?

नहीं, एक्जिमा संक्रामक नहीं है। यह एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में नहीं फैलता।

3. क्या खाने से एक्जिमा बढ़ सकता है?

हां, कुछ लोगों में दूध, अंडे, मूंगफली या गेहूं से एक्जिमा बढ़ सकता है।

4. बच्चों में एक्जिमा कब ठीक होता है?

कई बच्चों में किशोरावस्था तक एक्जिमा अपने आप कम हो जाता है, लेकिन सभी में नहीं।

5. क्या तनाव से एक्जिमा बढ़ता है?

हां, मानसिक तनाव एक्जिमा को भड़काने वाले प्रमुख कारणों में से एक है।

6. एक्जिमा में कौन सा साबुन इस्तेमाल करें?

Fragrance-free और Mild साबुन या सिर्फ क्लींजर का उपयोग करें। डॉक्टर से सही उत्पाद की सलाह लें।

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